mere mahakaal aaye hai

मेरे शम्भू मेरे भोला
मेरे महांकाल आये है
सजी उज्जैन की नगरी
मेरे महाराज आये है

आये है भोला भंडारी
त्रिलोकीनाथ विषधारी
चले है बाबा अविनाशी
उमापति रुद्र कैलाशी

बिछा दो अपनी पलको को
मेरे भोलेनाथ आये है

बने नंदी भगत सारे
ये गाये बोल बम सारे
चढ़ाके भांग का गोला
चले है शम्भू शिव भोला

लगी सावन की ये झाड़ियां
मेरे महांकाल आये है

भ्रमण करने को शिव दानी
बने दूल्हा ये वरदानी
बजे है जग में शिव डंका
दान की सोने की लंका

त्रिलोकीनाथ बैठाकर
चले गजराज आये है

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