श्याम नगीना बन जाते री नथनी में जड़ाते ॥

तुम होते चंदा हम हों सितारे
हम हों सितारे श्याम हम हों सितारे
रातो को मिल जाते मुंदरी मैं जड़ाते ॥

तुम होते माली हम होते कलियाँ
बागों में मिल जाते मुंदरी में जड़ाते ॥

तुम होते राजा हम होते हिरनी
जंगल में मिल जाते मुंदरी में जड़ाते ॥

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