ram bhajan kar prani tu teri do din ki jindgaani

राम भजन कर प्राणी तू तेरी दो दिन की जिंदगानी,
तू राम भजन कर प्राणी

काया माया बादल छाया,
मूरख मन का है भरमाया उड़ जाएगा सांस का पंक्षी,
फिर क्या है आणि जानी,
तू राम भजन कर प्राणी

मुख बोले राम की वाणी मनवा बोले राम की वाणी,
सजन स्नेही सुख के संगी दुनिया है चार दुरंगी ,
तू राम भजन कर प्राणी

जिस ने राम राम गुण गाया उस को लगे न दुःख की छाया,
निर्धन का धन राम नाम है मैं हु राम दीवानी,
तू राम भजन कर प्राणी

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