राधा नच्दी श्याम दे नाल अम्बरा तो फुल बरसे,

नच नच राधा श्याम नु रिझावे ,
बरसाना छड मथुरा नु आवे,
राधा नाच्के मनावे नंदलाल अम्बरा तो फुल बरसे,
राधा नच्दी……..

मीरा ने पीता जहर प्याला,
जहर का प्याला बन गया अमृत प्याला,
मीरा हो गयी मगन रातो रात अम्बरा तो फुल बरसे,
राधा नच्दी……..

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