अब तो मान कहयो मेरी मांय, म्हाने सावंरियो परणाय
अब तो मान कहयो मेरी मांय, म्हाने सावंरियो परणाय
सांवरियो प्रणाय मात मेरी सांवरियो प्रणाय, मात मेरी सांवरियो प्रणाय

ऐसे वर को क्या वरु, ऐ जो जन्मे और मर जाय मात मेरी जन्मे और मर जाय,
वर पायो मेरो साँवरो, ऐ.मेरो चुड़ो अमर हो जाय मत मेरी चूड़ो अमर हो जाय,
मात मेरी सांवरियो प्रणाय ,
अब तो मान कहयो मेरी मांय, म्हाने…………….

सर्प पिटारा राणा भेज्या, रे.. दो मीरा न जाय, मात मेरी दो मीरा न जाय,
खोल पिटारा मीरां पहरियो, रे बन गयो नौसल हार, मात मोरी बन गयो नौसल हार ,
मात मेरी सांवरियो प्रणाय ,
अब तो मान कहयो मेरी मांय, म्हाने…………….

ज़हर का प्यालो राणा भेजियो, रे.. दो मीरा न जाय, मात मेरी दो मीरा न जाय,
कर चरणामृत पी गई, रे थे जानो रघुनाथ, मात मेरी थे जानो रघुनाथ ,
मात मेरी सांवरियो प्रणाय
अब तो मान कहयो मेरी मांय, म्हाने…………….

मीरा हर की लाड़ली, रे.. राणा वन को ठूँठ, मात मोरी राणा वन को ठूँठ
समझायो समझयो नहीं, रे.. ले जाती बैँकूट, मात मोरी ले जाती बैँकूट ,
मात मेरी सांवरियो प्रणाय,
अब तो मान कहयो मेरी मांय, म्हाने…………….

कृष्ण भजन